This translation is done through Artificial Intelligence (AI) modern technology. Moreover, it is based on Dr. Mustafa Khattab's "The Clear Quran".

Al-Muṭaffifîn (Surah 83)
المُطَفِّفِين (Defrauders)
Introduction
यह मक्की सूरह नाप-तौल में कमी करने वालों को आने वाले भयानक दिन के प्रति आगाह करती है, जहाँ दुष्टों को कठोर दंड मिलेगा और सदाचारियों को भरपूर प्रतिफल दिया जाएगा। सूरह का समापन इस कथन के साथ होता है कि ईमान वालों का उपहास करने के लिए काफ़िरों को बदला दिया जाएगा। अल्लाह के नाम से जो अत्यंत कृपाशील, परम दयावान है।
بِسْمِ ٱللَّهِ ٱلرَّحْمَـٰنِ ٱلرَّحِيمِ
In the Name of Allah—the Most Compassionate, Most Merciful.
दूसरों को धोखा देने वालों के लिए चेतावनी
1. धिक्कार है कम तोलने वालों को! 2. जो लोगों से (अपने लिए) पूरा नाप लेते हैं, 3. और जब वे दूसरों को नाप-तोल कर देते हैं तो कम देते हैं। 4. क्या ऐसे लोग यह नहीं सोचते कि उन्हें उठाया जाएगा— 5. एक महान दिन के लिए— 6. जिस दिन (सभी) लोग सारे जहानों के रब के सामने खड़े होंगे?
Surah 83 - المُطَفِّفِين (कम तोलने वाले) - Verses 1-6
गुनाहगारों का अंजाम
7. हरगिज़ नहीं! दुष्ट लोग निश्चित रूप से सिज्जीन (जहन्नम की गहराइयों) में पहुँचेंगे। 8. और तुम्हें क्या पता कि सिज्जीन क्या है? 9. एक अंकित लेख। 10. उस दिन धिक्कार है झुठलाने वालों पर— 11. जो क़यामत के दिन को झुठलाते हैं! 12. इसे कोई नहीं झुठलाएगा सिवाय हर पापी, हद से गुज़रने वाले के। 13. जब कभी हमारी आयतें उनके सामने पढ़ी जाती हैं, तो वे कहते हैं, “पुरानी कहानियाँ!” 14. हरगिज़ नहीं! बल्कि उनके दिलों पर उन सब (बुराइयों) का मैल चढ़ गया है जो वे करते थे! 15. निःसंदेह, उस दिन वे अपने रब से महरूम कर दिए जाएँगे। 16. और वे निश्चित रूप से जहन्नम में जलेंगे, 17. और फिर उनसे कहा जाएगा, “यह वही है जिसे तुम झुठलाया करते थे।”
Surah 83 - المُطَفِّفِين (कम तोलने वाले) - Verses 7-17
सदाचारियों का अंजाम
18. कदापि नहीं! नेक लोग तो निश्चय ही इल्लियून (ऊँचे बाग़ों) में होंगे— 19. और तुम्हें क्या मालूम कि इल्लियून क्या है? 20. एक मुहरबंद मुकद्दर, 21. जिसके गवाह मुकर्रबीन हैं। 22. निश्चय ही नेक लोग आनंद में होंगे, 23. तख्तों पर बैठे हुए, देख रहे होंगे। 24. तुम उनके चेहरों पर आनंद की चमक पहचानोगे। 25. उन्हें मुहरबंद, शुद्ध शराब पिलाई जाएगी, 26. जिसकी अंतिम घूँट कस्तूरी जैसी महकेगी। तो जो कोई इसकी आकांक्षा रखता है, उसे (इसके लिए) प्रयत्न करना चाहिए। 27. और इस पेय का स्वाद तस्नीम से होगा— 28. एक चश्मा जिससे मुकर्रबीन पिएँगे।
Surah 83 - المُطَفِّفِين (कम तोलने वाले) - Verses 18-28
अंतिम विजय
29. बेशक, अपराधी मोमिनों पर हँसते थे, 30. जब वे उनके पास से गुज़रते थे, तो एक-दूसरे को आँख मारते थे, 31. और अपने लोगों के पास लौटकर (इन बातों पर) विचार करें। 32. और जब वे ईमानवालों को देखते थे, तो कहते थे, "ये तो यक़ीनन गुमराह हैं।" 33. जबकि उन्हें मोमिनों पर निगहबान बनाकर नहीं भेजा गया था। 34. किन्तु उस दिन ईमान वाले काफ़िरों पर हँस रहे होंगे, 35. वे तख़्तों पर बैठे हुए देख रहे होंगे। 36. क्या काफ़िरों को उनके किए का बदला नहीं मिल गया?